Breaking News
कौन हैं मार्गरेट अल्वा? जिन्हें विपक्ष ने घोषित किया उपराष्ट्रपति उम्मीदवार

राष्ट्रपति और उपराष्ट्रपति चुनाव को लेकर चल रही हलचल के बीच विपक्ष यूपीए ने उपराष्ट्रपति पद के लिए अपने उम्मीदवार की घोषणा कर दी है। विपक्षी पार्टियों की मीटिंग के बाद एनसीपी प्रमुख शरद पवार ने रविवार की शाम मार्गरेट अल्वा के नाम की घोषणा की। इससे पहले एनडीए ने शनिवार को पश्चिम बंगाल के राज्यपाल जगदीप धनखड़ को उपराष्ट्रपति उम्मीदवार घोषित किया है। एक तरह से देखा जाए तो दोनों ही उम्मीदवारों का संबंध राजस्थान से है, ​जहां अगले साल विधानसभा चुनाव होने वाले हैं। जगदीप धनखड़, राजस्थान के जाट समुदाय से आते हैं, जबकि मार्गरेट अल्वा राजस्थान की राज्यपाल रह चुकी हैं।

सक्रिय राजनीति से गायब रहीं और फिर वापस आईं मार्गरेट अल्वा की गिनती कांग्रेस के कद्दावर नेताओं में रही है। वह कई राज्यों की राज्यपाल रह चुकी हैं और उससे पहले यूपीए कैबिनेट में मंत्री भी रही हैं। एक समय था, जब मार्गरेट अल्वा ने कर्नाटक विधानसभा चुनाव में अपने बेटे के लिए टिकट मांगा था, लेकिन दिग्विजय सिंह के बनाए नियमों के कारण उनके बेटे को टिकट नहीं दिया गया था। इस बात से नाराज मार्गरेट अल्वा सक्रिय राजनीति से किनारा कर लिया था और फिर राहुल गांधी ने उनकी फिर से वापसी कराई थी।

मार्गरेट अल्वा का जन्म कर्नाटक के मैंगलोर में 14 अप्रैल को 1942 को एक रोमन कै​थलिक फैमिली में हुआ था। उन्होंने अपनी पढ़ाई कर्नाटक में ही पूरी की। मैंगलोर में बीए और फिर कानून की डिग्री लेने के बाद उन्होंने एडवोकेट के तौर पर प्रैक्टिस शुरू कर दी। कई एनजीओ और वेलफेयर संस्थाओं के लिए उन्होंने वकालत की। बच्चों और महिलाओं के मुद्दों पर काम करने वाली एक संस्था ‘करुणा’ से भी वह जुड़ी रहीं। 24 मई 1964 को उनकी शादी राज्यसभा की दूसरी उपसभापति रह चुकीं कांग्रेस नेत्री वायलेट अल्वा और जोआचिम अल्वा के बेटे थॉमस अल्वा से हुई। अपने सास-ससुर से प्रभावित होकर ही मार्गरेट ने राजनीति में अपना कदम रखा।